
हाई कोर्ट के आदेश पर जंतर-मंतर से अस्पताल ले जाए गए सोनम वांगचुक, पुलिस कार्रवाई के दौरान हंगामा
समर्थकों ने पुलिस पर बल प्रयोग का लगाया आरोप, पुलिस बोली- इलाज के लिए उठाया गया कदम
वीना टंडन
नई दिल्ली। लद्दाख के सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को शुक्रवार सुबह दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर से सफदरजंग अस्पताल पहुंचाया। पुलिस का कहना है कि यह कार्रवाई दिल्ली हाई कोर्ट के निर्देश और डॉक्टरों की सलाह के आधार पर की गई, ताकि वांगचुक को आवश्यक चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा सके।
पुलिस के अनुसार हाई कोर्ट ने केंद्र सरकार को निर्देश दिया था कि सोनम वांगचुक के स्वास्थ्य की लगातार निगरानी की जाए और जरूरत पड़ने पर उन्हें तत्काल चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई जाए। सरकारी डॉक्टरों ने वांगचुक की बिगड़ती स्वास्थ्य स्थिति की जानकारी दी थी, जिसके बाद पुलिस सुबह जंतर-मंतर पहुंची और उन्हें सफदरजंग अस्पताल ले जाकर भर्ती कराया। अस्पताल में डॉक्टरों की निगरानी में उनका उपचार शुरू कर दिया गया है।
इस दौरान जंतर-मंतर पर कुछ देर के लिए हंगामे की स्थिति भी बन गई। पुलिस का कहना है कि हाई कोर्ट के आदेश का पालन करते समय कुछ प्रदर्शनकारियों ने कार्रवाई में बाधा डालने की कोशिश की, जिससे हल्की अफरा-तफरी हुई।
वहीं, वांगचुक के समर्थकों ने पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं। समर्थक दीपके ने सुबह 7:33 बजे सोशल मीडिया मंच एक्स पर दावा किया कि पुलिस जंतर-मंतर पर कार्रवाई कर रही है और लोगों के साथ मारपीट की जा रही है। करीब नौ मिनट बाद उन्होंने एक और पोस्ट में आरोप लगाया कि उन्हें पीटा गया और दिल्ली पुलिस ने हिरासत में ले लिया। उन्होंने यह भी दावा किया कि पुलिस सोनम वांगचुक को बलपूर्वक वहां से ले गई।
फिलहाल पुलिस का कहना है कि पूरी कार्रवाई केवल वांगचुक को समय पर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से की गई है, जबकि समर्थकों ने पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। मामले को लेकर राजनीतिक और सामाजिक हलकों में भी प्रतिक्रिया सामने आ रही है।




