
भारत-ब्राजील के बीच डाक सहयोग पर समझौता, पांच साल तक रहेगा प्रभावी
डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन और ई-कॉमर्स लॉजिस्टिक्स पर रहेगा फोकस
वीना टंडन
नई दिल्ली।भारत और ब्राजील ने डाक क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने के लिए एक अहम समझौता (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए हैं। इसकी जानकारी संचार मंत्रालय ने रविवार को दी।
एमओयू पर केंद्रीय संचार मंत्री ज्योतिरादित्य एम. सिंधिया और ब्राजील के उनके समकक्ष फ्रेडरिको डी सिक्वेरा फिल्हो ने हस्ताक्षर किए। यह समझौता ब्राजील के राष्ट्रपति लूला डा सिल्वा के भारत दौरे के दौरान संपन्न हुआ।
यह करार भारत के डाक विभाग और ब्राजील के संचार मंत्रालय के बीच सहयोग के लिए एक व्यापक ढांचा तैयार करता है। मंत्रालय के अनुसार, इसका उद्देश्य रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करना और डाक सेवाओं के क्षेत्र में अनुभव व विशेषज्ञता का आदान-प्रदान करना है।
एमओयू के तहत दोनों देश डाक नीति और संचालन में श्रेष्ठ प्रक्रियाओं को अपनाएंगे। यूनिवर्सल सर्विस ऑब्लिगेशन को मजबूत करने, एड्रेसिंग सिस्टम में सुधार, डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन, ई-कॉमर्स लॉजिस्टिक्स और पोस्टल फाइनेंशियल सर्विसेज में सहयोग बढ़ाने पर विशेष जोर रहेगा।
भारत अपने पोस्टल सुधारों—विशेषकर डिजिटल सेवाओं, ई-कॉमर्स डिलीवरी और जन-केंद्रित सार्वजनिक सेवाओं—का अनुभव ब्राजील के साथ साझा करेगा। साथ ही प्रशिक्षण कार्यक्रम, अधिकारियों के एक्सचेंज विजिट और संयुक्त कार्यशालाओं के जरिए क्षमता निर्माण को बढ़ावा दिया जाएगा।
दोनों देश Universal Postal Union समेत बहुपक्षीय मंचों पर भी समन्वय स्थापित करेंगे। मंत्रालय ने कहा कि यह समझौता दोनों देशों के पोस्टल नेटवर्क को भविष्योन्मुख बनाने की प्रतिबद्धता दर्शाता है, जिससे आर्थिक विकास, वित्तीय समावेशन और लास्ट-माइल डिलीवरी को मजबूती मिलेगी।
यह समझौता पांच वर्षों के लिए प्रभावी रहेगा और स्वतः नवीनीकरण (ऑटोमैटिक रिन्यूअल) की व्यवस्था के साथ दोनों देशों के कानूनों के अनुरूप लागू किया जाएगा।



